प्यार हुआ इकरार हुआ है / Pyar Hua Iqraar Hua Hai

 प्यार हुआ इक़रार हुआ है

प्यार से फिर क्यों डरता है दिल

कहता है दिल, रस्ता मुश्किल

मालूम नहीं है कहाँ मंज़िल

प्यार हुआ इक़रार हुआ ...


कहो कि अपनी प्रीत का, गीत न बदलेगा कभी

तुम भी कहो इस राह का, मीत न बदलेगा कभी

प्यार जो टूटा, साथ जो छूटा

चाँद न चमकेगा कभी

प्यार हुआ इक़रार हुआ ...


रातों दसों दिशाओं से, कहेंगी अपनी कहानीयाँ

प्रीत हमारे प्यार की, दोहराएंगी जवानीयाँ

मैं न रहूँगी, तुम न रहोगे

फिर भी रहेंगी निशानीयाँ

प्यार हुआ इक़रार हुआ ...

टिप्पणियाँ

इस ब्लॉग से लोकप्रिय पोस्ट

Rajasthani Lokgeet Lyrics in Hindi राजस्थानी लोकगीत लिरिक्स

बुन्देली गारी गीत लोकगीत लिरिक्स Bundeli Gali Geet Lokgeet Lyrics

कुमार विश्वास की कविताएँ | Kumar Vishwas Kavita – कोई दीवाना कहता है