अस हर नाम जपो मय भंजन संत जूड़ीराम भजन / भजन As Har Naam Japo May Bhanjan Sant Judiram Bhajan / Bhajan

 

अस हर नाम जपो मय भंजन।
त्रिविध ताप संताप सकल भय प्रबल मोहदल गंजन।
मन बधु चित विवेक एक मत मद हंकार निखंदन।
छूटत विरवे मोरचा तन के नाम विलोचन अंजन।
सकल सोच भ्रम भार नसावन पावन नद नंदन।
जूड़ीराम नाम पद टेको भूलन छोड़ कुफंदन।


Comments

Popular posts from this blog

Rajasthani Lokgeet Lyrics in Hindi राजस्थानी लोकगीत लिरिक्स

बुन्देली गारी गीत लोकगीत लिरिक्स Bundeli Gali Geet Lokgeet Lyrics

Amir Khusrow Dohe Kavita अमीर खुसरो के दोहे गीत कविता पहेलियाँ