सगाई के गीत / 2 / राजस्थानी गीत लोकगीत लिरिक्स - Sagai Ke Geet 2 Rajasthani Geet Lokgeet Lyrics
थांका सासरिया से जी बना सा पेचा आया राज।
थे तो बांधो क्यू नहीं जी बना सा कांई हट लाग्या राज।
म्हरी सांकली को डोरो म्हारो बिन्दली कोर मकोड़ो।
म्हारा बाजूबंद की लूम बना सा कांई हठ लाग्या राज।।
थांका सासरिया से जी बनासा लोकिट आया राज।
थांका सासरिया से जी बना सा कंठा आया राज।
थांका सासरिया से जी बनासा घड़ियां आई राज।
थे तो बांधो कयू नहीं जी बनासा कांई हट लाग्या राज।।
थांके सासरिया से जी बनासा सूट आया राज।
म्हारी सांकली को डोरो म्हारी बिन्दली कोर मकोड़ो।
म्हारो बाजूबन्द की लूम बनासा कांई हट लाग्या राज।।
नोट-इसी तरह टाई, सफारी, जूते आदि के नाम लेकर गाएं।
सगाई के गीत / 1 / राजस्थानी गीत लोकगीत लिरिक्स - Sagai Ke Geet 1 Rajasthani Geet Lokgeet Lyrics
सगाई के गीत / 3 / राजस्थानी गीत लोकगीत लिरिक्स - Sagai Ke Geet 3 Rajasthani Geet Lokgeet Lyrics
सगाई के गीत / 4 / राजस्थानी गीत लोकगीत लिरिक्स - Sagai Ke Geet 4 Rajasthani Geet Lokgeet Lyrics
सगाई के गीत / 5 / राजस्थानी गीत लोकगीत लिरिक्स - Sagai Ke Geet 5 Rajasthani Geet Lokgeet Lyrics
सगाई के गीत / 6 / राजस्थानी गीत लोकगीत लिरिक्स - Sagai Ke Geet 6 Rajasthani Geet Lokgeet Lyrics
टिप्पणियाँ
एक टिप्पणी भेजें